June 15, 2024, 6:30 pm

kota suicide case: कोटा में एक स्टूडेंट ने किया सुसाइड, JEE की कर रहा था तैयारी

Written By: गली न्यूज

Published On: Saturday August 12, 2023

kota suicide case: कोटा में एक स्टूडेंट ने किया सुसाइड, JEE की कर रहा था तैयारी

kota suicide case: कोटा से एक स्टूडेंट के सुसाइट करने का मामला सामने आया है. दरअसल, आजमगढ़ के स्टूडेंट ने कोटा में सुसाइड कर लिया. गुरुवार को स्टूडेंट के पिता उससे मिलने हॉस्टल आए थे. कम नंबर आने पर पिता ने उसे डांट दिया. इसके बाद वह गुस्से में हॉस्टल से निकल गए. करीब 4 घंटे बाद स्टूडेंट ने बेडशीट से फांसी का फंदा बनाकर जान दे दी. पुलिस ने शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है.

क्या है मामला ?

स्टूडेंट का नाम मनीष प्रजापति (17) था. वह जेईई की तैयारी कर रहा था. मनीष 6 महीने पहले ही कोटा आया था. वह जवाहर नगर के महावीर नगर के पास एक हॉस्टल में रह रहा था. मामले की जानकारी पर परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है. स्टूडेंट के पिता और परिजन कोटा के लिए रवाना हो गए हैं.

4 घंटे पहले ही मिलकर गए थे पिता

हॉस्टल के केयर टेकर राकेश ने बताया कि मनीष 4 महीने पहले ही इस हॉस्टल में रहने आया था. उसके पिता ही उसे रूम दिलाकर गए थे. गुरुवार को उसके पिता कोटा में ही थे, उससे मिलने के लिए आए थे. उसके पिता नाराज लग रहे थे.

बेटे की मौत की खबर पर पिता रास्ते से वापस लौटे

शाम को सात बजे के करीब मनीष नीचे मेस में खाना खाने आया था, तब उसे लास्ट बार देखा गया. इससे पहले वह 6-6.30 बजे के बीच कोचिंग से लौटा था. रात करीब आठ बजे पिता ने उसे कॉल किया, लेकिन कोई जवाब नहीं मिला. इस पर उन्होंने केयर टेकर को कॉल कर बेटे से बात करवाने के लिए कहा. जब केयर टेकर उसके कमरे तक पहुंचा तक घटना का पता लगा. मनीष के पिता दिल्ली पहुंचे ही थे, खबर सुनते ही वह वापस कोटा के लिए लौट पड़े.

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फंदे से लटका था मनीष का शव

राकेश ने बताया कि मैं फोन लेकर मनीष के कमरे तक गया और दरवाजा खटखटाया, लेकिन कोई जवाब नहीं मिला. इसके बाद मैंने हॉस्टल संचालक को जानकारी दी, हॉस्टल संचालक ने रोशनदान से देखने को कहा, तब मैंने अंदर झांककर देखा तो वह फंदे पर लटका मिला.

पुलिस ने बताया कि मनीष ने बेडशीट से फंदा लगाया था. केयर टेकर की सूचना के बाद हॉस्टल संचालक ने पुलिस को सूचना दी. पुलिस ने दरवाजा तोड़ा तब तक मनीष की मौत हो चुकी थी.

पुलिस का सुसाइड नोट से इनकार

पुलिस ने सुसाइड नोट मिलने से इनकार किया है.  पुलिस के अनुसार, वह पढ़ाई में कमजोर था. टेस्ट में उसके नंबर कम आ रहे थे और यह बात भी सामने आई है कि कोचिंग भी कम ही जाता था.

मां का रो-रोकर बुरा हाल

मनीष प्रजापति के पिता ट्रैवल एजेंट हैं. जबकि मां गृहिणी हैं. बेटे की मौत की खबर से मां बेसुध है. उनका रो-रोकर बुरा हाल है. वहीं, छोटे भाई शौर्य प्रजापति ने बताया कि भाई कोटा में जेईई की तैयारी करने गए थे. पिताजी के वहां से आने के बाद भाई कोचिंग गया. इसके बाद हॉस्टल में फांसी लगा ली.

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