May 19, 2024, 2:44 pm

Delhi Election 2024: दिल्ली में खिलेगा कमल या चलेगी झाड़ू, ‘आजतक हेलीकॉप्टर शॉट’ से पता चलेगा जनता का मूड!

Written By: गली न्यूज

Published On: Wednesday May 8, 2024

Delhi Election 2024: दिल्ली में खिलेगा कमल या चलेगी झाड़ू, ‘आजतक हेलीकॉप्टर शॉट’ से पता चलेगा जनता का मूड!

Delhi Election 2024: 24 का चुनाव.. किसका चलेगा दांव.. इस सवाल के जवाब का हर किसी को इंतजार है. पूरे देश में चुनावी माहौल चरम पर है. इस बीच लोकसभा चुनाव में देश की निगाहें राजधानी दिल्ली पर जाकर टिक गई है. राजधानी में इस बार का मुकाबला दिलचस्प होने वाला है. क्योंकि एक तरफ आम आदमी पार्टी और कांग्रेस का गठबंधन है तो वहीं दूसरी तरफ बीजेपी मैदान में अकेले ताल ठोक रही है.

दिल्ली की 7 सीटों पर फिलहाल बीजेपी का कब्जा है

इस बार लोकसभा चुनाव (Delhi Election 2024) काफी रोमांचक हो सकता है। आम आदमी पार्टी और कांग्रेस एक साथ बीजेपी का मुकाबला करने के लिए चुनावी मैदान में है। वहीं बीजेपी ने सात में छह उम्मीदवार बदल दिए हैं। माना जा रहा है कि दिल्ली की सभी सीटों पर बीजेपी और I.N.D.I.A गठबंधन के बीच कड़ी टक्कर मिल सकती है। आम आदमी पार्टी दिल्ली की 4 सीटों पर चुनाव लड़ रही है जिसमें नई दिल्ली सीट से सोमनाथ भारती, पूर्वी दिल्ली- हर्ष मल्होत्रा, दक्षिणी दिल्ली – सहीराम पहलवान जबकि पश्चिमी दिल्ली- महाबल मिश्रा चुनाव मैदान में हैं।आम आदमी पार्टी दिल्ली की 4 सीटों पर चुनाव लड़ रही है जिसमें नई दिल्ली सीट से सोमनाथ भारती, पूर्वी दिल्ली- हर्ष मल्होत्रा, दक्षिणी दिल्ली – सहीराम पहलवान जबकि पश्चिमी दिल्ली- महाबल मिश्रा चुनाव मैदान में हैं।गौरतलब है कि भाजपा ने इस बार दिल्ली में छह नए चेहरे चुनाव में उतारे हैं. इनमें चांदनी चौक से व्यापारी नेता प्रवीण खंडेलवाल, नई दिल्ली से बांसुरी स्वराज, पश्चिमी दिल्ली से पूर्व मेयर कमलजीत सेहरावत, दक्षिणी दिल्ली से रामवीर सिंह बिधूड़ी, उत्तर पश्चिमी दिल्ली से योगेंद्र चंदोलिया व पूर्वी दिल्ली से हर्ष मल्होत्रा हैं. उत्तर-पूर्वी दिल्ली से पार्टी ने एक बार फिर मनोज तिवारी पर भरोसा जताया है.

क्या कहती है दिल्ली की जनता?

जनता और नेताओं का मूड जानने के लिए आजतक की टीम सीनियर एंकर अंजना ओम कश्यप के साथ पहुंच गई दिल्ली अपने ख़ास चुनावी चुनावी शो ‘हेल‍िकॉप्टर शॉट’ के साथ।सवाल जवाब का सिलसिल शुरू हुआ। अंजना से सबसे पहला सवाल बीजेपी नेता आशीष सूद से दागा..पूछा आपको जनता 7 की सात सीटें क्यों दें..आशीष ने जवाब दिया..क्योंकि मोदी सरकार ने अच्छा काम किया है। इस सरकार में पारदर्शिता है। ये मोदी की गारंटी है..देश के विकास की गारंटी है..देश को आगे ले जाने की गारंटी है।

अगला सवाल आम आम पार्टी के प्रवक्ता संजीव झा से किया गया..सवाल था कि सीएम केजरीवाल जेल में हैं..तो आपकी सरकार बेहतर तरीके से कैसे चल पाएगी। किसी और नेता को सीएम क्यों नहीं बना देते। इस पर संजाव झा ने जवाब दिया. दिल्ली दिलवालों की नगरी है। यहां की जनता को अच्छे-बुरे की पहचान है। तीन बार विधानसभा चुनाव में आम आदमी पार्टी के पक्ष में वोट देकर सरकार बनवाना ये मजाक नहीं है। दिल्ली में विकास हुआ है और वो आम आदमी पार्टी ने किया है। सीएम केजरीवाल ने कभी समझौता नहीं किया।

अब सवाल कांग्रेस पार्टी के प्रवक्ता, अजय उपाध्याय से था। केजरीवाल जेल से कैसे सरकार चलाएंगे..उन्होंने जवाब दिया। दिल्ली की जनता जानती है कि किसने संविधान को ताक पर रखकर दिल्ली के साथ खिलवाड़ किया। किसने संविधान से छेड़छाड़ की कोशिश की।

दिल्ली का सियासी समीकरण जानिए

नई दिल्ली लोकसभा सीट यहां भाजपा प्रत्याशी बांसुरी स्वराज और आम आदमी पार्टी के सोमनाथ भारती के बीच मुकाबला होगा. पूर्व केंद्रीय मंत्री सुषमा स्वराज की बेटी बांसुरी स्वराज प्रसिद्ध वकील हैं. सोमनाथ भारती आम आदमी पार्टी के विधायक हैं व पेशे से वकील भी रहे हैं. उत्तर पूर्वी दिल्ली लोक सभा सीट: कांग्रेस ने कन्हैया कुमार को यहां से प्रत्याशी बनाया गया है. यहां उनका मुकाबला भाजपा के मनोज तिवारी से होगा.

पूर्वी दिल्ली लोकसभा सीट इस सीट की बात की जाए तो यहां हर्ष मल्होत्रा भाजपा के उम्मीदवार हैं. हर्ष मल्होत्रा भी मेयर रह रह चुके हैं. इसके साथ ही वह एजुकेशन कमेटी के अध्यक्ष भी रह चुके हैं. आम आदमी पार्टी की ओर से यहां अपने विधायक कुलदीप कुमार को टिकट दिया गया है. पूर्व भारतीय क्रिकेटर गौतम गंभीर पिछली बार भाजपा के टिकट पर पूर्वी दिल्ली से सांसद चुने गए थे. हालांकि इस बार गौतम गंभीर ने चुनाव न लड़ने की इच्छा नहीं जताई थी.

पश्चिमी दिल्ली लोकसभा सीट: यहां से भाजपा के उम्मीदवार कमलजीत सेहरावत और आम आदमी पार्टी से महाबल मिश्रा मैदान में हैं. कमलजीत सेहरावत भी पूर्व में मेयर रह चुकी हैं. वहीं महाबल मिश्रा वर्ष 2019 में भी इस सीट से लोकसभा का चुनाव लड़ चुके हैं. तब वह कांग्रेस के उम्मीदवार थे और 5 लाख से अधिक वोटों के अंतर से चुनाव हार गए थ

चांदनी चौक लोक सभा सीट: इस सीट पर वरिष्ठ कांग्रेसी नेता जेपी अग्रवाल के उतरने से भाजपा के साथ मुकाबला दिलचस्प हो गया है. अग्रवाल ने इसी सीट से तीन बार 1984, 1989 और 1996 में लोकसभा में प्रतिनिधित्व किया है. वहीं व्यापारियों के गढ़ में भाजपा ने व्यापारी नेता प्रवीन खंडेलवाल को उतारा है.

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